भारतीय ज्योतिष शास्त्र में पंचांग का अपना महत्व है। पंचांग के अनुसार ही हम अपने धार्मिक क्रियाकलाप करते हैं। शुभ अशुभ का ज्ञान हमें प्राप्त होता है। आइये जानते हैं, आज के पंचांग के अनुसार कब है शुभ मुहूर्त और कब तक है राहुकाल और क्या है ग्रह चाल।
आज हिन्दू पंचांग के अनुसार आज मंगलवार है। वैशाख 19, शक संवत 1945, ज्येष्ठ कृष्ण चतुर्थी, मंगलवार, विक्रम संवत् 2080। सौर वैशाख मास प्रविष्टे 26। शव्वाल-18, हिजरी 1444 (मुस्लिम), तदनुसार अंग्रेजी तारीख 09 मई सन 2023 ई॰।
सूर्य उत्तरायण, उत्तर गोल, ग्रीष्म ऋतु। राहुकाल अपराह्न 03 बजे से 04 बजकर 30 मिनट तक।
चतुर्थी तिथि सायं 04 बजकर 09 मिनट तक उपरांत पंचमी तिथि का आरंभ।
मूल नक्षत्र सायं 05 बजकर 45 मिनट तक उपरांत पूर्वाषाढ़ नक्षत्र का आरंभ।
सिद्ध योग रात्रि 09 बजकर 16 मिनट तक उपरांत साध्य योग का आरंभ।
बालव करण सायं 04 बजकर 09 मिनट तक उपरांत तैतिल करण का आरंभ।
चंद्रमा दिन रात धनु राशि पर संचार करेगा।
सूर्योदय का समय -सुबह 5 बजकर 35 मिनट।
सूर्यास्त का समय - शाम 7 बजकर 1 मिनट पर।
आज का शुभ मुहूर्त
अभिजीत मुहूर्त सुबह 11 बजकर 51 मिनट से 12 बजकर 45 मिनट तक।
विजय मुहूर्त दोपहर 2 बजकर 32 मिनट से 3 बजकर 26 मिनट तक रहेगा।
निशीथ काल मध्यरात्रि 11 बजकर 56 मिनट से 12 बजकर 39 मिनट तक।
गोधूलि बेला शाम 7 बजे से 7 बजकर 21 मिनट तक।
अमृत काल सुबह 11 बजकर 44 मिनट से दोपहर 1 बजकर 14 मिनट तक रहेगा।
आज का अशुभ मुहूर्त
राहुकाल सुबह 7 बजकर 30 मिनट से 9 बजे तक।
सुबह में 10 बजकर 30 मिनट से 12 बजे तक यमगंड रहेगा।
दोपहर में 1 बजकर 30 मिनट से 3 बजे तक गुलिक काल रहेगा।
दुर्मुहूर्त काल सुबह 8 बजकर 16 मिनट से 9 बजकर 10 मिनट तक रहेगा।
उसके बाद 11 बजकर 14 मिनट से 11 बजकर 56 मिनट तक रहेगा।
कोई भी शुभ समय या मुहूर्त के दौरान, राहुकाल गुलिक काल, यमगण्ड काल से बचना चाहिए क्योंकि ये समय अशुभ माना जाता है।
आज ज्येष्ठ मास का पहला बड़ा मंगल है। हनुमानजी को गुलाब के फूल की माला और तुलसी दल अर्पित करें और बूंदी के लड्डू का भोग लगाएं।
अपने दैनिक पंचांग को रोजाना देखें और किसी भी नए काम को शुरू करने के लिए इसका पालन करें जैसे कि वैवाहिक समारोह, सामाजिक मामलों, महत्वपूर्ण कार्यक्रमों, उद्घाटन, नए व्यापार उपक्रम आदि जैसे शुभ कार्यक्रम इसके अनुसार करें।