भारतीय ज्योतिष शास्त्र में पंचांग का अपना महत्व है। पंचांग के अनुसार ही हम अपने धार्मिक क्रियाकलाप करते हैं। शुभ अशुभ का ज्ञान हमें प्राप्त होता है। आइये जानते हैं, आज के पंचांग के अनुसार कब है शुभ मुहूर्त और कब तक है राहुकाल और क्या है ग्रह चाल।
हिन्दू पंचांग के अनुसार आज मंगलवार है। शक संवत 1946 , विक्रमी संवत 2081, पौष कृष्ण नवमी, सौर पौष मास प्रविष्टे 10, जमादि उल्सानी 21, हिजरी 1446 (मुस्लिम) तदनुसार अंग्रेजी तारीख 24 दिसम्बर सन् 2024 ई॰। सूर्य उत्तरायण दक्षिण गोल, शिशिर ऋतुः। राहुकाल अपराह्न 03 बजे से 04 बजकर 30 मिनट तक।
नवमी तिथि सायं 07 बजकर 53 मिनट तक उपरांत दशमी तिथि का आरंभ। हस्त नक्षत्र मध्याह्न 12 बजकर 17 मिनट तक उपरांत चित्रा नक्षत्र का आरंभ। शोभन योग रात्रि 08 बजकर 54 मिनट तक उपरांत अतिगण्ड योग का आरंभ। गर करण सायं 07 बजकर 53 मिनट तक उपरांत वणिज करण का आरंभ। चन्द्रमा अर्धरात्रोत्तर 01 बजकर 51 मिनट तक कन्या उपरांत तुला राशि पर संचार करेगा।
सूर्योदय का समय - सुबह में 7 बजकर 11 मिनट पर।
सूर्यास्त का समय - शाम में 5 बजकर 30 मिनट पर।
आज का शुभ मुहूर्त
ब्रह्म मुहूर्त सुबह 5 बजकर 25 मिनट से 6 बजकर 19 मिनट तक। विजय मुहूर्त दोपहर 2 बजकर 11 मिनट से 2 बजकर 53 मिनट तक रहेगा। निशिथ काल मध्यरात्रि रात में 12 बजे से 12 बजकर 54 मिनट तक। गोधूलि बेला शाम 5 बजकर 38 मिनट से 6 बजकर 5 मिनट तक। अमृत काल सुबह 11 बजकर 3 मिनट से सुबह 12 बजकर 21 मिनट तक।
आज का अशुभ मुहूर्त
राहुकाल दोपहर 3 बजे से 4 बजकर 30 मिनट तक। इसी के साथ दोपहर में 12 बजे से 1 बजकर 30 मिनट तक गुलिक काल रहेगा। सुबह में 9 बजे से 10 बजकर 30 मिनट तक यमगंड रहेगा। दुर्मुहूर्त काल सुबह में 9 बजकर 19 मिनट से 10 बजे तक।
कोई भी शुभ समय या मुहूर्त के दौरान, राहुकाल गुलिक काल, यमगण्ड काल से बचना चाहिए क्योंकि ये समय अशुभ माना जाता है।
अपने दैनिक पंचांग को रोजाना देखें और किसी भी नए काम को शुरू करने के लिए इसका पालन करें जैसे कि वैवाहिक समारोह, सामाजिक मामलों, महत्वपूर्ण कार्यक्रमों, उद्घाटन, नए व्यापार उपक्रम आदि जैसे शुभ कार्यक्रम इसके अनुसार करें।