पांच प्रतिशत महंगाई भत्ता जारी करने पर विधायक संजय अवस्थी द्वारा 26 अक्तूबर, 2026 को जारी प्रेस वक्तव्य
कांग्रेस विधायक संजय अवस्थी ने कर्मचारियों को दिवाली से पहले पांच प्रतिशत महंगाई भत्ता जारी करने के मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू और प्रदेश सरकार का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने कर्मचारियों के हितों को प्राथमिकता देते हुए यह निर्णय लिया है।
संजय अवस्थी ने कहा कि कांग्रेस सरकार ने सत्ता में आने के बाद पहली ही कैबिनेट बैठक में पुरानी पेंशन योजना बहाल कर कर्मचारियों की सामाजिक और आर्थिक सुरक्षा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता जाहिर की थी। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की ओर से वित्तीय संसाधनों में कटौती और विभिन्न प्रतिबंधों के बावजूद प्रदेश सरकार कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए निरंतर प्रयास कर रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व भाजपा सरकार के कार्यकाल में कर्मचारियों की पुरानी पेंशन योजना बहाल करने की मांग को स्वीकार नहीं किया गया था। तत्कालीन मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कर्मचारियों को पुरानी पेंशन योजना लागू करवाने के लिए चुनाव लड़ने की नसीहत दी थी। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि जनमंच जैसे सार्वजनिक कार्यक्रमों में कर्मचारियों को अपमानजनक परिस्थितियों का सामना करना पड़ा।
विधायक ने कहा कि पुरानी पेंशन योजना की बहाली किसी राजनीतिक लाभ के उद्देश्य से नहीं, बल्कि कर्मचारियों को सेवानिवृत्ति के बाद सम्मानजनक जीवनयापन की सुरक्षा प्रदान करने के लिए की गई है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों ने अपने जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा प्रदेश की सेवा में समर्पित किया है और उनके भविष्य को सुरक्षित करना सरकार की जिम्मेदारी है।
संजय अवस्थी ने कहा कि पुरानी पेंशन योजना बहाल करने के कारण प्रदेश को केंद्र से मिलने वाली लगभग 1,600 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता बंद होने का मुद्दा सामने आया है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार पर एकीकृत पेंशन योजना लागू करने के लिए भी दबाव बनाया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू कर्मचारियों के हितों और उनके सम्मानजनक भविष्य को प्राथमिकता देते हुए पुरानी पेंशन योजना के प्रति अपनी प्रतिबद्धता बनाए रखेंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार कर्मचारियों के कल्याण, सामाजिक सुरक्षा और आर्थिक हितों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है। दिवाली से पहले महंगाई भत्ता जारी करने का निर्णय इसी दिशा में एक महत्त्वपूर्ण कदम है।