अमृतसर । अमेरिका में नस्ली भेदभाव का शिकार एक सिक्ख परिवार भारत आया तो सिक्खों के सबसे बडे धार्मिक संस्थानGolden Temple में उन्हें सम्मानित किया गया। यह सिक्ख परिवार जानी मानी मानवाधिकार कार्यकर्ता जसविन्दर कौर सोहल के साथ Sri Akal Takht Sahib Jathedar Giani Harpreet Singh से मिला और उन्हें अपनी आपबीती बताई। अमेरिका में रहने वाले इस सिख परिवार के सदस्य बलवीर सिंह सोढ़ी की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
World trade centre पर हमले के बाद इस परिवार को जातीय नफरत का सामना करना पड़ा । क्योंकि आरोप लगाया गया कि ओसामा बिन लादेन की तस्वीर सिखों से मिलती है। लेकिन इस परिवार ने हार नहीं मानी, लगातार सिख लिबास की अलग पहचान दिखाने की कोशिश की। विदेशियों को जागरूक करते रहे । हालांकि बाद में व्हाइट हाउस और अमेरिकी लोगों ने अपने इस बर्ताव पर इस परिवार से माफी मांगी थी।
गुरचरण सिंह ग्रेवाल के साथ आये इस सिक्ख परिवार को Shiromani Gurudawra Parbhank Committee के ज्ञानी हरप्रीत सिंह द्वारा सम्मानित किया गया। इस अवसर पर श्री अकाल तखत साहिब सिख समुदाय के सर्वोच्च सस्थान अकाल तख्त साहिब के मुख्य ग्रंथी ज्ञानी मलकित सिंह व मानवाधिकार कार्यकर्ता जसविंदर कौर सोहल और अमेरिका से आये परिवार के सदस्य भी उपस्थित रहे।