मशरूम खेती और वैल्यू-ऐडेड उत्पादों में नवाचार के लिए मिला राष्ट्रीय सम्मान, हिमाचल के मोहित शर्मा बने देशभर के किसानों के प्रेरणास्रोत
शिमला। हिमाचल प्रदेश के युवा उद्यमी और ‘टेस्ट एंड हील’ (Taste&Heal) ब्रांड के संस्थापक मोहित शर्मा को भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद – मशरूम अनुसंधान निदेशालय (ICAR-DMR) की ओर से वर्ष 2025 का प्रोग्रेसिव फार्मर अवॉर्ड प्रदान किया गया है।
यह पुरस्कार मशरूम खेती और कृषि नवाचार के क्षेत्र में देश के सर्वोच्च सम्मानों में से एक माना जाता है।
ICAR-DMR हर वर्ष देशभर के चुनिंदा किसानों और नवप्रवर्तकों को यह सम्मान देता है, जिन्होंने मशरूम उद्योग को नई दिशा दी हो। 2025 में यह सम्मान मिलने के साथ ही मोहित शर्मा न केवल हिमाचल के लिए बल्कि पूरे देश के लिए एक मॉडल एग्री-उद्यमी के रूप में उभरे हैं।
मोहित शर्मा के नेतृत्व में Taste&Heal ने मशरूम से बनने वाले हेल्थ और वेलनेस उत्पादों की एक नई श्रृंखला तैयार की है — जिनमें लायन’स माने चॉकलेट्स, गैनोडर्मा से युक्त उत्पाद, स्पेशल मशरूम कॉफी और फंक्शनल सप्लीमेंट्स शामिल हैं।
उनकी सोच पारंपरिक हिमालयी ज्ञान को आधुनिक फूड साइंस से जोड़ती है, जिससे ऐसे उत्पाद तैयार हो रहे हैं जो स्वास्थ्य के साथ-साथ लक्ज़री का प्रतीक बन गए हैं।
सम्मान मिलने पर मोहित शर्मा ने कहा,
> “यह पुरस्कार सिर्फ मेरा नहीं, उन सभी किसानों और नवाचार करने वालों का है जो अलग सोचने की हिम्मत रखते हैं। टेस्ट एंड हील में हमारा विश्वास है कि मशरूम ही भविष्य का पोषण, औषधि और सतत कृषि का आधार है।”
ICAR-DMR द्वारा यह सम्मान न सिर्फ व्यक्तिगत उपलब्धि को रेखांकित करता है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि मशरूम खेती आज देश के किसानों के लिए क्लाइमेट-रेजिलिएंट और आय बढ़ाने वाला माध्यम बन रही है।
मोहित शर्मा की यह उपलब्धि इस बात का प्रमाण है कि किसान पारंपरिक खेती से आगे बढ़कर वैल्यू-ऐडेड एग्री-एंटरप्राइज स्थापित कर सकते हैं और अपने उत्पादों को राष्ट्रीय और वैश्विक बाजारों तक पहुंचा सकते हैं।
प्रोग्रेसिव फार्मर अवॉर्ड 2025 हिमाचल के इस युवा उद्यमी की नेतृत्व क्षमता और Taste&Heal की रूपांतरणकारी सोच पर मुहर लगाता है — जो कृषि क्षेत्र में नवाचार, उद्यमिता और वैज्ञानिक दृष्टिकोण का नया मानक स्थापित कर रही है।