इन्फोसिस की परोपकारी कार्य करने वाली और सीएसआर इकाई इन्फोसिस फाउंडेशन ने अपने आरोहण सोशल इनोवेशन अवार्ड के चौथे संस्करण को लॉन्च करने का एलान किया है। भारत में सोशल इनोवेशन को बढ़ावा देने की अपनी प्रतिबद्धता को आगे बढ़ाते हुए इन्फोसिस फाउंडेशन ने इस अवार्ड में हिस्सा लेने के लिए देशभर से इनोवेटर्स एवं सामाजिक उद्यमियों को आमंत्रित किया है।
आरोहण सोशल इनोवेशन अवार्ड 2025 का उद्देश्य व्यक्तिगत स्तर पर ऐसे लोगों को,टीमों को,एनजीओ को और सामाजिक उद्यमियों को चिह्नित एवं पुरस्कृत करना है जो टेक्नोलॉजी आधारित ऐसे अनूठे समाधान विकसित कर रहे हैं जो बड़े पैमाने पर देश के वंचित समुदायों पर उल्लेखनीय प्रभाव डालने में सक्षम हैं। इन्फोसिस फाउंडेशन ने प्रत्येक विजेता को 50 लाख रुपये तक देने की घोषणा की है। पुरस्कार की कुल राशि 2 करोड़ रुपये होगी।
इन्फोसिस फाउंडेशन के ट्रस्टी सुमित विरमानी ने कहा इन्फोसिस फाउंडेशन में हम वास्तविक जीवन की चुनौतियों को दूर करने और समुदायों के जीवन स्तर को ऊपर उठाने में इनोवेशन की ताकत में विश्वास करते हैं। आरोहण सोशल इनोवेशन अवार्ड के माध्यम से हम ऐसे परिवर्तनकारी लोगों को पहचानने और उनका समर्थन करने के लिए प्रतिबद्ध हैं जो शिक्षा,स्वास्थ्य एवं पर्यावरण संरक्षण की दिशा में प्रभावी समाधान विकसित कर रहे हैं।
हम देशभर के सोशल इनोवेटर्स को आगे आने,अपने विचारों को साझा करने और एक प्रभावी बदलाव लाने के लिए प्रोत्साहित करते हैं। चौथे संस्करण के साथ हमारा उद्देश्य सभी के लिए अवसर सृजित करने की दिशा में लोगों की क्षमताओं को बढ़ाने के अपने लक्ष्य को गति देना है।आरोहण सोशल इनोवेशन अवार्ड 2025 में तीन श्रेणियों को आवेदन स्वीकार किए जाएंगे शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा और पर्यावरण संरक्षणर,आरोहण सोशल इनोवेशन अवार्ड के चौथे संस्करण के लिए आवेदन स्वीकार किए जा रहे हैं।
15 जून 2025 तक इसके लिए आवेदन किया जा सकता है।18 वर्ष से अधिक उम्र के सभी भारतीय नागरिक जो भारत में रह रहे हैं इसके लिए आवेदन करने के पात्र हैं।प्रतिभागी वीडियो बनाकर अपने कार्य के बारे में विस्तार से बताते हुए आवेदन कर सकते हैं। वीडियो को आरोहण सोशल इनोवेशन अवार्ड वेबसाइट पर अपलोड किया जा सकता है।आवेदन पूरी तरह से काम कर रहे प्रोटोटाइप या तैयार हो चुके प्रोजेक्ट से संबंधित होना चाहिए।इसमें केवल कॉन्सेप्ट आइडिया या मॉकअप के लिए आवेदन स्वीकार नहीं किए जाएंगे।