Hindi English Friday, 16 October 2026
BREAKING
• ज्वालामुखी कॉलेज को मिली तीन नई सुविधाएं, विधायक संजय रतन ने किया लोकार्पण • मुख्य चिकित्सा अधिकारी कांगड़ा डॉ. ओमेश भारती की अध्यक्षता में राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम की समीक्षा बैठक आयोजित • सिहोरपाईं स्कूल में NSS शिविर के दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम, स्वयंसेवकों ने दिखाई प्रतिभा • अशोक सिंघल का जीवन भारतीय संस्कृति और सनातन परंपराओं के प्रति समर्पण की प्रेरणाः राज्यपाल • आज राहु काल कब तक रहेगा व क्या है शुभ मुहूर्त आईये जानते हैं 16 अक्टूबर 2026 का पंचांग • आज ही के दिन दक्षिण अफ्रीका में रंगभेद के विरोध और मानवाधिकारों के लिए संघर्ष करने वाले डेसमंड टूटू को नोबेल शांति पुरस्कार दिए जाने की घोषणा हुई। • 16 अक्टूबर 2026 राशिफल: जानें सभी 12 राशियों का भविष्य • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 25 वर्ष के शासकीय नेतृत्व का भाजपा हिमाचल ने किया अभिनंदन, प्रदेश पदाधिकारी बैठक में सर्वसम्मति से ऐतिहासिक प्रस्ताव पारित : डॉ. बिंदल • विकसित भारत 2047' के रंग में रंगा धर्मशाला • सीएम सुक्खू ने थपथपाई जाइका स्वयं सहायता समूहों की पीठ

हिमाचल

More News

शिमला | बड़ा आरोप, कांग्रेस का डीएनए भारत विरोधी : बिहारी

Updated on Friday, January 12, 2024 17:49 PM IST

शिमला, भाजपा प्रदेश महामंत्री बिहारी लाल शर्मा ने कहा की कांग्रेस राष्ट्रीय गौरव और सम्मान के कार्यक्रमों का बहिष्कार कर रही है और यह इनकी पुरानी आदत है भाजपा का कांग्रेस पर बड़ा आरोप, कांग्रेस का डीएनए भारत विरोधी।

प्रदेश महामंत्री ने कहा की राम जन्मभूमि मंदिर का प्राण प्रतिष्ठा समारोह राष्ट्रीय गौरव का विषय है और भारत के प्रमुख सभ्यतागत मोड़ों में से एक है। कांग्रेस, जिसे वोट हासिल करने के लिए अल्पसंख्यकों को खुश करने में कोई दिक्कत नहीं है, ने प्राण प्रतिष्ठा को बीजेपी,आरएसएस का कार्यक्रम करार दिया और इस कार्यक्रम में शामिल नहीं होने का फैसला किया है। भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस को भारत और उसकी उपलब्धि का जश्न मनाने वाले किसी भी आयोजन से एक बुनियादी समस्या है। राष्ट्रीय गौरव का कोई भी मामला कांग्रेस के लिए चिंता का विषय है, जिसके डीएनए में ही भारत विरोधी रवैया निहित है।

भाजपा ने दिए 7 और उदाहरण बिहारी लाल शर्मा ने कहा की राष्ट्रीय गौरव के 7 अन्य उदाहरण हैं जिन्हें कांग्रेस पार्टी ने छोड़ दिया है:।

1) नई संसद का उद्घाटन : नई संसद का उद्घाटन लोकतंत्र के मंदिर के लिए एक श्रद्धांजलि थी जो लोगों के सामूहिक निर्णय लेने का प्रतीक है। राष्ट्रीय एकता और गौरव की भावना से उद्घाटन में भाग लेने के बजाय, कांग्रेस ने पक्षपातपूर्ण हितों को राष्ट्रीय हितों से ऊपर रखा और इसके उद्घाटन का बहिष्कार किया।
2) कांग्रेस ने आधी रात को संसद में जीएसटी के लॉन्च का बहिष्कार किया: जीएसटी की शुरुआत के साथ 2017 में भारत एक देश, एक कर वाला देश बन गया। जीएसटी ने अप्रत्यक्ष कर के बोझ को काफी हद तक कम कर दिया है और भारत में व्यापार करने में आसानी को सरल बना दिया है। अपने शासन के दौरान जीएसटी को पारित करने में अपनी शानदार विफलता के बाद, कांग्रेस ने नाराज होकर देश में औपचारिक रूप से जीएसटी शुरू करने वाले ऐतिहासिक आधी रात के सत्र को छोड़ दिया।

3) कांग्रेस के मुख्यमंत्रियों ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के जी20 भोज में भाग नहीं लिया : भारत ने G20 की मेजबानी करते हुए विश्व गुरु और विश्व मित्र के रूप में अपने आगमन को चिह्नित किया। G20 एक बड़ी सफलता थी और इस कार्यक्रम ने दुनिया की नजरों में भारत की प्रगति को मजबूती से प्रदर्शित किया। भारत के प्रति कांग्रेस की नफरत और राष्ट्रीय गौरव के किसी भी मामले पर शर्मिंदगी ने उसे इस हद तक नीचे गिरा दिया कि कांग्रेस के मुख्यमंत्रियों ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा आयोजित मानद राजकीय भोज को छोड़ दिया, जिसमें अंतरराष्ट्रीय राष्ट्राध्यक्षों और सरकारों और महत्वपूर्ण राष्ट्रीय हस्तियों ने भाग लिया था।

4) कांग्रेस ने संसद में राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद के संयुक्त संबोधन का बहिष्कार किया: बजट सत्र से पहले संसद में राष्ट्रपति का संयुक्त संबोधन एक महत्वपूर्ण अवसर होता है, जिसके दौरान राष्ट्रपति वर्ष के लिए देश के लिए विकासात्मक लक्ष्य निर्धारित करते हैं। कांग्रेस ने इस महत्वपूर्ण अवसर का भी राजनीतिकरण करने का फैसला किया और 2021 में संसद में राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के संबोधन का बहिष्कार किया।
5) कांग्रेस के शीर्ष नेताओं ने प्रणब मुखर्जी को भारत रत्न देने से परहेज किया: सोनिया गांधी, राहुल गांधी और पूर्व पीएम मनमोहन सिंह सहित शीर्ष कांग्रेस नेता अनुभवी राजनेता और पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी को भारत रत्न से सम्मानित करने वाले कार्यक्रम में शामिल नहीं हुए। राहुल गांधी जिनके पास हर महीने विदेशी स्थानों पर घूमने का समय होता है, ने जानबूझकर इस कार्यक्रम का बहिष्कार करने का फैसला किया क्योंकि कांग्रेस केवल नेहरू-गांधी परिवार के सदस्यों का महिमामंडन करने में रुचि रखती है।
6) यूपीए ने कारगिल विजय दिवस मनाने से इनकार कर दिया: कारगिल युद्ध के दौरान भारत ने जो निर्णायक जीत और बहादुरी की अनगिनत कहानियाँ देखीं, वह भारत के लिए बहुत गर्व की बात है। लेकिन यूपीए ने 2004 से 2009 के बीच एक बार भी कारगिल विजय दिवस नहीं मनाया! दरअसल सोनिया के वफादार और कांग्रेस नेता राशिद अल्वी ने कहा कि कारगिल जश्न मनाने का मौका नहीं है और केवल एनडीए सरकार को ही इसका जश्न मनाना चाहिए! 2009 में भाजपा द्वारा संसद में यह मुद्दा उठाए जाने के बाद ही कांग्रेस ने आधे-अधूरे मन से कारगिल विजय दिवस मनाना शुरू किया।

7)पोखरण परमाणु परीक्षण की कांग्रेस ने कड़ी आलोचना की: प्रधान मंत्री अटल बिहार वाजपेयी ने भारत को परमाणु शक्ति बनाने का साहसिक निर्णय लिया और पोखरण परमाणु परीक्षणों को हरी झंडी दे दी। यह कार्यक्रम पूरे भारत में मनाया गया और भारत ने खुद को एक जिम्मेदार परमाणु शक्ति के रूप में पंजीकृत कराया जो अपनी जमीन के हर इंच की रक्षा करने में सक्षम है। परीक्षण के बाद 10 दिनों तक कांग्रेस ने कोई बयान जारी नहीं किया और उसके बाद आधे-अधूरे मन से बयान जारी कर घोषणा की कि असली ताकत संयम में है, शक्ति में नहीं। मणिशंकर अय्यर और सलमान खुर्शीद सहित कई कांग्रेसी नेता पोखरण परमाणु परीक्षण के कड़े आलोचक थे।

Have something to say? Post your comment
ज्वालामुखी कॉलेज को मिली तीन नई सुविधाएं, विधायक संजय रतन ने किया लोकार्पण

धर्मशाला : ज्वालामुखी कॉलेज को मिली तीन नई सुविधाएं, विधायक संजय रतन ने किया लोकार्पण

मुख्य चिकित्सा अधिकारी कांगड़ा डॉ. ओमेश भारती की अध्यक्षता में राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम की समीक्षा बैठक आयोजित

धर्मशाला : मुख्य चिकित्सा अधिकारी कांगड़ा डॉ. ओमेश भारती की अध्यक्षता में राष्ट्रीय क्षय उन्मूलन कार्यक्रम की समीक्षा बैठक आयोजित

सिहोरपाईं स्कूल में NSS शिविर के दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम, स्वयंसेवकों ने दिखाई प्रतिभा

धर्मशाला : सिहोरपाईं स्कूल में NSS शिविर के दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम, स्वयंसेवकों ने दिखाई प्रतिभा

अशोक सिंघल का जीवन भारतीय संस्कृति और सनातन परंपराओं के प्रति समर्पण की प्रेरणाः राज्यपाल

शिमला : अशोक सिंघल का जीवन भारतीय संस्कृति और सनातन परंपराओं के प्रति समर्पण की प्रेरणाः राज्यपाल

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 25 वर्ष के शासकीय नेतृत्व का भाजपा हिमाचल ने किया अभिनंदन, प्रदेश पदाधिकारी बैठक में सर्वसम्मति से ऐतिहासिक प्रस्ताव पारित : डॉ. बिंदल

शिमला : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 25 वर्ष के शासकीय नेतृत्व का भाजपा हिमाचल ने किया अभिनंदन, प्रदेश पदाधिकारी बैठक में सर्वसम्मति से ऐतिहासिक प्रस्ताव पारित : डॉ. बिंदल

विकसित भारत 2047' के रंग में रंगा धर्मशाला

धर्मशाला : विकसित भारत 2047' के रंग में रंगा धर्मशाला

सीएम सुक्खू ने थपथपाई जाइका स्वयं सहायता समूहों की पीठ

शिमला : सीएम सुक्खू ने थपथपाई जाइका स्वयं सहायता समूहों की पीठ

आरट्रैक के जीओसी-इन-सी ने राज्यपाल से की भेंट

शिमला : आरट्रैक के जीओसी-इन-सी ने राज्यपाल से की भेंट

अगले सत्र से शुरू होगी नैतिक शिक्षा, पाठ्यक्रम हो रहा तैयारः मुख्यमंत्री

शिमला : अगले सत्र से शुरू होगी नैतिक शिक्षा, पाठ्यक्रम हो रहा तैयारः मुख्यमंत्री

राज्यपाल ने मातृ-भाषाओं के संरक्षण और प्राचीन भारतीय लिपियों के पुनरुद्धार का किया आह्वान

शिमला : राज्यपाल ने मातृ-भाषाओं के संरक्षण और प्राचीन भारतीय लिपियों के पुनरुद्धार का किया आह्वान

X