31 अक्टूबर का इतिहास: सरदार पटेल का जन्म, इंदिरा गांधी की हत्या और राष्ट्रीय एकता दिवस से जुड़ी ऐतिहासिक घटनाएं
31 अक्टूबर का दिन भारतीय इतिहास में कई महत्वपूर्ण घटनाओं के लिए याद किया जाता है। इसी दिन भारत के लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल का जन्म हुआ था, जिन्होंने आजादी के बाद देशी रियासतों का भारत में विलय कराने में ऐतिहासिक भूमिका निभाई। वहीं, 31 अक्टूबर 1984 को तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की उनके अंगरक्षकों ने हत्या कर दी थी। इस घटना ने देश की राजनीति और सामाजिक परिस्थितियों को गहराई से प्रभावित किया।
इसके अलावा 31 अक्टूबर को ऑल इंडिया ट्रेड यूनियन कांग्रेस का पहला अधिवेशन आयोजित हुआ, छत्तीसगढ़ भारत का नया राज्य बना और दुनिया की सबसे ऊंची प्रतिमाओं में शामिल स्टैच्यू ऑफ यूनिटी का उद्घाटन किया गया। आइए जानते हैं 31 अक्टूबर के इतिहास में दर्ज देश और दुनिया की प्रमुख घटनाओं के बारे में।
31 अक्टूबर की प्रमुख ऐतिहासिक घटनाएं
1517 – यूरोप में धार्मिक सुधार आंदोलन की शुरुआत
जर्मनी के धर्मशास्त्री मार्टिन लूथर से जुड़ी 95 थीसिस की घटना को यूरोप में प्रोटेस्टेंट सुधार आंदोलन की शुरुआत का महत्वपूर्ण पड़ाव माना जाता है। इस आंदोलन ने यूरोप के धार्मिक और सामाजिक इतिहास को प्रभावित किया।
1864 – नेवादा बना अमेरिका का 36वां राज्य
31 अक्टूबर 1864 को नेवादा को अमेरिका के 36वें राज्य के रूप में संघ में शामिल किया गया। अमेरिकी गृहयुद्ध के दौरान इस घटनाक्रम का विशेष राजनीतिक महत्व था।
1875 – सरदार वल्लभभाई पटेल का जन्म
31 अक्टूबर 1875 को गुजरात के नडियाद में सरदार वल्लभभाई पटेल का जन्म हुआ। वे भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के प्रमुख नेताओं में शामिल थे। आजादी के बाद उन्होंने देश के पहले उप प्रधानमंत्री और गृह मंत्री के रूप में जिम्मेदारी संभाली।
देश की 562 से अधिक रियासतों के भारत में एकीकरण में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही। उनकी दृढ़ इच्छाशक्ति और प्रशासनिक नेतृत्व के कारण उन्हें लौह पुरुष के नाम से जाना जाता है। उनकी जयंती पर भारत में हर साल 31 अक्टूबर को राष्ट्रीय एकता दिवस मनाया जाता है।
1920 – ऑल इंडिया ट्रेड यूनियन कांग्रेस का पहला अधिवेशन
31 अक्टूबर 1920 को बंबई (अब मुंबई) में ऑल इंडिया ट्रेड यूनियन कांग्रेस (AITUC) का पहला अधिवेशन आयोजित किया गया। लाला लाजपत राय ने इसकी अध्यक्षता की। इस संगठन ने भारत में मजदूरों के अधिकारों और श्रमिक आंदोलनों को संगठित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
1941 – अमेरिका के माउंट रशमोर का निर्माण पूरा
अमेरिका के दक्षिण डकोटा में स्थित माउंट रशमोर स्मारक का निर्माण 31 अक्टूबर 1941 को पूरा हुआ। इस पहाड़ी पर अमेरिका के चार राष्ट्रपतियों जॉर्ज वाशिंगटन, थॉमस जेफरसन, थियोडोर रूजवेल्ट और अब्राहम लिंकन के विशाल चेहरे उकेरे गए हैं।
1966 – भारतीय तैराक मिहिर सेन ने पार की पनामा नहर
भारत के प्रसिद्ध लंबी दूरी के तैराक मिहिर सेन ने 31 अक्टूबर 1966 को पनामा नहर को तैरकर पार करने की उपलब्धि हासिल की। यह उनके साहस और असाधारण तैराकी क्षमता का उल्लेखनीय उदाहरण बना।
1984 – प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की हत्या
31 अक्टूबर 1984 को भारत की तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की नई दिल्ली में उनके दो अंगरक्षकों ने गोली मारकर हत्या कर दी। वे उस समय प्रधानमंत्री पद पर थीं। इस घटना के बाद देश में व्यापक हिंसा और तनाव फैल गया। विशेष रूप से सिख समुदाय के खिलाफ हुए 1984 के दंगों में बड़ी संख्या में लोगों की जान गई और संपत्ति को नुकसान पहुंचा।
इंदिरा गांधी भारत की पहली महिला प्रधानमंत्री थीं। उन्होंने 1966 से 1977 तक और फिर 1980 से 1984 तक देश का नेतृत्व किया। उनकी हत्या भारतीय लोकतंत्र के इतिहास की सबसे दुखद घटनाओं में गिनी जाती है।
1984 – राजीव गांधी ने प्रधानमंत्री पद संभाला
इंदिरा गांधी की हत्या के बाद 31 अक्टूबर 1984 को उनके पुत्र राजीव गांधी ने भारत के प्रधानमंत्री पद की शपथ ली। राष्ट्रपति ज्ञानी जैल सिंह ने उन्हें पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई।
2000 – छत्तीसगढ़ भारत का 26वां राज्य बना
31 अक्टूबर 2000 को छत्तीसगढ़ का गठन हुआ और यह भारत का 26वां राज्य बना। मध्य प्रदेश से अलग होकर बने इस राज्य की राजधानी रायपुर निर्धारित की गई। अजित जोगी छत्तीसगढ़ के पहले मुख्यमंत्री बने।
2011 – दुनिया की आबादी सात अरब पहुंची
संयुक्त राष्ट्र ने 31 अक्टूबर 2011 को दुनिया की जनसंख्या के लगभग सात अरब तक पहुंचने के प्रतीकात्मक अवसर के रूप में चिह्नित किया। इस दिन को डे ऑफ सेवन बिलियन के नाम से जाना गया।
2018 – स्टैच्यू ऑफ यूनिटी का उद्घाटन
31 अक्टूबर 2018 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के केवड़िया में सरदार वल्लभभाई पटेल की 182 मीटर ऊंची प्रतिमा स्टैच्यू ऑफ यूनिटी का उद्घाटन किया। यह प्रतिमा सरदार पटेल के योगदान और देश की एकता का प्रतीक है। इसे दुनिया की सबसे ऊंची प्रतिमा के रूप में पहचान मिली।
1992 – चर्च ने गैलीलियो के मामले में अपनी गलती स्वीकार की
31 अक्टूबर 1992 को पोप जॉन पॉल द्वितीय ने वैज्ञानिक गैलीलियो गैलिली के मामले में कैथोलिक चर्च द्वारा की गई गलतियों को स्वीकार किया। गैलीलियो ने सूर्य को सौरमंडल के केंद्र में मानने वाले सिद्धांत का समर्थन किया था।
1999 – मिस्र के विमान हादसे में 217 लोगों की मौत
31 अक्टूबर 1999 को मिस्र की एयरलाइन EgyptAir का फ्लाइट 990 अमेरिका के पूर्वी तट के पास अटलांटिक महासागर में दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस हादसे में विमान में सवार सभी 217 लोगों की मौत हो गई।
2003 – मलेशिया में महातिर मोहम्मद का कार्यकाल समाप्त
31 अक्टूबर 2003 को मलेशिया के प्रधानमंत्री महातिर मोहम्मद ने लगभग 22 वर्षों तक सत्ता में रहने के बाद पद छोड़ दिया। उनके कार्यकाल को मलेशिया के आर्थिक और औद्योगिक विकास के महत्वपूर्ण दौर के रूप में देखा जाता है।
31 अक्टूबर को जन्मी प्रमुख हस्तियां
- 1875 – सरदार वल्लभभाई पटेल, भारत के प्रथम उप प्रधानमंत्री और लौह पुरुष।
- 1887 – च्यांग काई-शेक, चीन के प्रमुख राजनीतिक एवं सैन्य नेता।
- 1892 – अलेक्जेंडर अलेखिन, विश्व प्रसिद्ध शतरंज खिलाड़ी।
- 1943 – ओमन चांडी, केरल के पूर्व मुख्यमंत्री।
- 1943 – जी. माधवन नायर, भारत के प्रसिद्ध अंतरिक्ष वैज्ञानिक और इसरो के पूर्व अध्यक्ष।
- 1961 – पीटर जैक्सन, प्रसिद्ध न्यूजीलैंड फिल्म निर्देशक।
31 अक्टूबर को इन प्रमुख हस्तियों का निधन
- 1926 – हैरी हुडिनी, विश्व प्रसिद्ध जादूगर और एस्केप आर्टिस्ट।
- 1975 – सचिन देव बर्मन, भारतीय सिनेमा के महान संगीतकार।
- 1984 – इंदिरा गांधी, भारत की पूर्व प्रधानमंत्री।
- 1993 – फेडेरिको फेलिनी, विश्व प्रसिद्ध इतालवी फिल्म निर्देशक।
- 2006 – पी. डब्ल्यू. बोथा, दक्षिण अफ्रीका के पूर्व राष्ट्रपति।
31 अक्टूबर के महत्वपूर्ण दिवस
राष्ट्रीय एकता दिवस (Rashtriya Ekta Diwas): सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती के अवसर पर हर साल 31 अक्टूबर को राष्ट्रीय एकता दिवस मनाया जाता है। भारत सरकार ने वर्ष 2014 में इसकी शुरुआत की थी। इस दिन देशभर में रन फॉर यूनिटी सहित विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं।
हैलोवीन (Halloween): दुनिया के कई देशों में 31 अक्टूबर को हैलोवीन मनाया जाता है। इस अवसर पर लोग विशेष वेशभूषा धारण करते हैं, घरों को सजाते हैं और विभिन्न मनोरंजक गतिविधियों में भाग लेते हैं।