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शिमला | राजशाही की मानसिकता छोड़ें विक्रमादित्य, लोकतंत्र में जनता तय करती है नेतृत्व : डॉ. राजीव बिंदल

Updated on Thursday, July 09, 2026 15:29 PM IST

झूठ और व्यक्तिगत आरोपों से अपनी राजनीतिक विफलताएं नहीं छिपा सकते, जनता सब देख रही है : डॉ. राजीव बिंदल

पंचायती राज से नगर निकाय तक कांग्रेस की करारी हार से बौखलाए विक्रमादित्य जनता का ध्यान भटका रहे हैं : डॉ. राजीव बिंदल

शिमला। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि उनके बयानों से साफ झलकता है कि वह आज भी राजशाही की मानसिकता से बाहर नहीं निकल पाए हैं। उन्होंने कहा कि संभवतः राजपरिवार से आने के कारण उन्हें लगता है कि सामान्य परिवार से निकला व्यक्ति राजनीति और समाज सेवा में आगे नहीं बढ़ सकता तथा नेतृत्व का अधिकार केवल राजघरानों तक सीमित होना चाहिए। लेकिन भारत लोकतंत्र है और यहां नेतृत्व का निर्णय जनता करती है, वंशवाद नहीं।

डॉ. बिंदल ने कहा कि विक्रमादित्य सिंह को यह स्मरण रखना चाहिए कि उनकी वर्तमान आयु से भी अधिक समय वह हिमाचल प्रदेश में समाज सेवा और जनसेवा में सक्रिय रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनका परिवार आज़ादी से भी कई दशक पहले से, जब हिमाचल, पंजाब, हरियाणा और वर्तमान पाकिस्तान का क्षेत्र एक ही प्रशासनिक व्यवस्था का हिस्सा था, तब से समाज सेवा के कार्यों में समर्पित रहा है। इसलिए उन्हें किसी से सामाजिक प्रतिबद्धता का प्रमाणपत्र लेने की आवश्यकता नहीं है।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि विक्रमादित्य सिंह को झूठ बोलने और व्यक्तिगत आरोप लगाने की आदत बन चुकी है। उन्होंने याद दिलाया कि इससे पहले भी मंत्री ने उनके विरुद्ध व्यक्तिगत और अपमानजनक टिप्पणियां की थीं, जिसके बाद उन्होंने हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय में मानहानि का दावा दायर किया था। डॉ. बिंदल ने कहा कि बाद में स्वयं विक्रमादित्य सिंह ने व्यक्तिगत रूप से संपर्क कर वह दावा वापस लेने का आग्रह किया था। उन्होंने कहा कि अब एक बार फिर मंत्री तथ्यों के बजाय झूठ और व्यक्तिगत टिप्पणियों का सहारा लेकर राजनीतिक स्तर गिराने का प्रयास कर रहे हैं, जो उनके पद की गरिमा के अनुरूप नहीं है।

डॉ. बिंदल ने कहा कि कांग्रेस सरकार को सत्ता में आए लगभग चार वर्ष हो चुके हैं, लेकिन प्रदेश की जनता आज भी बदहाल सड़कों, ठप पड़े विकास कार्यों, बेरोजगारी और अव्यवस्था से परेशान है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की अधिकांश सड़कें गड्ढों में तब्दील हो चुकी हैं और आम लोगों का आवागमन अत्यंत कठिन हो गया है। लोक निर्माण मंत्री होने के बावजूद विक्रमादित्य सिंह केवल सुर्खियां बटोरने और राजनीतिक बयानबाजी में व्यस्त हैं, जबकि जनता बुनियादी सुविधाओं के लिए संघर्ष कर रही है।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि पंचायती राज चुनावों और नगर निकाय चुनावों में कांग्रेस को मिली करारी हार ने कांग्रेस नेतृत्व को पूरी तरह बौखला दिया है। उन्होंने कहा कि जनता ने कांग्रेस सरकार के चार वर्षों के कार्यकाल पर अपना स्पष्ट जनादेश दे दिया है और अब अपनी राजनीतिक विफलताओं से ध्यान हटाने के लिए भाजपा पर व्यक्तिगत हमले किए जा रहे हैं।

डॉ. बिंदल ने कहा कि विक्रमादित्य सिंह मंडी नगर निगम चुनाव के प्रभारी रहे, लेकिन कांग्रेस एक भी सीट जीतने में सफल नहीं हुई। सोलन में भी उन्होंने बड़े-बड़े दावे किए, लेकिन वहां भी कांग्रेस को निराशा ही हाथ लगी। उन्होंने कहा कि लगातार चुनावी पराजयों से उत्पन्न कुंठा और हताशा को भाजपा पर आरोप लगाकर दूर नहीं किया जा सकता।

अंत में डॉ. बिंदल ने कहा कि यदि कांग्रेस सरकार वास्तव में जनता की चिंता करती है तो उसे राजनीतिक बयानबाजी छोड़कर प्रदेश की बदहाल सड़कों, बेरोजगारी, विकास कार्यों और जनसमस्याओं के समाधान पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश की जनता अब कांग्रेस की राजनीति को भली-भांति समझ चुकी है और ध्यान भटकाने के ऐसे प्रयासों में आने वाली नहीं है।

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