इंटेलेक्चुअल फाउंडेशन ऑफ इंडिया द्वारा प्रोफेसर डा प्रमोद शर्मा को इंटेलेक्चुअल रत्न सम्मान 2025 से अलंकृत किया गया। देहरादून में आयोजित ऑल इंडिया इंटेलेक्चुअल कॉन्फ्रेंस में फाउंडेशन के अध्यक्ष डॉ एस फारूकी ने उन्हें यह सम्मान दिया। इस राष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस का थीम था एमपावर एंड इंस्पायर।
यह जानकारी फाउंडेशन के राष्ट्रीय महासचिव हर्ष निधि शर्मा द्वारा दी गई। हर्ष निधि शर्मा ने कहा कि प्रोफेसर डा प्रमोद शर्मा के शैक्षणिक, सामाजिक और मानवता के उत्थान के लिए किए गए कार्यों की दृष्टिगत रखते हुए फाउंडेशन की राष्ट्रीय चयन समिति ने ये सम्मान देने का निर्णय लिया है।
प्रोफेसर डा प्रमोद शर्मा हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक सेवा में अधिकारी रह चुके हैं और अब तक इनकी 15 पुस्तकें भी प्रकाशित हो चुकी हैं जिन्हें राष्ट्रीय स्तर पर भी चयनित किया गया है। वर्तमान में डा प्रमोद शर्मा हिमाचल प्रदेश यूनिवर्सिटी में बिजनेस मैनेजमेंट विभाग के निदेशक भी हैं और अभी तक अकादमिक क्षेत्र में 15 देशों में शोध पत्र और व्याख्यान दे चुके हैं। डॉ शर्मा शिक्षाविद, प्रशासक, लेखक के साथ साथ सामाजिक और राजनीतिक क्षेत्र में अपनी पहचान बनाए हुए है तथा 2003,2007,2012,2017 के हिमाचल प्रदेश विधानसभा के चुनाव भी लड़ चुके हैं। दुबई में आयोजित एक कार्यक्रम में डॉ शर्मा को भारत गौरव सम्मान से भी सम्मानित किया गया है।
प्रोफेसर डा प्रमोद शर्मा ने इस सम्मान से सम्मानित करने पर इंटेलेक्चुअल फाउंडेशन ऑफ इंडिया का हार्दिक धन्यवाद किया है।
इस अवसर पर इस कॉन्फ्रेंस में विभिन्न राज्यों से आए प्रख्यात बुद्धिजीवियों, शिक्षाविदों, वैज्ञानिकों, सेवा निवृत्त न्यायधीश, ख्याति प्राप्त चिकित्सकों, पत्रकारों एवं समाजसेवियों को उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में संस्था के राष्ट्रीयअध्यक्ष और प्रसिद्ध समाज सेवी डॉ एस फ़ारूक़ ने कहा संस्था का उद्देश्य समाज में उत्कृष्टता, नेतृत्व और नवाचार को प्रोत्साहित करना तथा ऐसे व्यक्तित्वों को पहचान देना है जो अपने कार्यों से समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के साथ-साथ राष्ट्र निर्माण में उल्लेखनीय भूमिका निभा रहे हैं।