लक्ष्मी नारायण मंदिर बोहन, ज्वालामुखी!
पंचांग के अनुसार, आषाढ़ माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि 21 जून सुबह 7 बजकर 18 मिनट पर शुरू हो रही है और इस तिथि का समापन 22 जून की सुबह 4 बजकर 27 मिनट पर हो जाएगा. उदया तिथि के अनुसार योगिनी एकादशी का व्रत इस साल 21 जून, शनिवार को रखा जाएगा
योगिनी एकादशी के व्रत का पारण 22 जून की दोपहर 1 बजकर 47 मिनट से शाम 4 बजकर 35 मिनट तक किया जा सकेगा. इस शुभ मुहूर्त में व्रत पारण करना शुभ होता है
लक्ष्मी नारायण मंदिर बोहन, ज्वालामुखी!
माना जाता है कि एकादशी पर पूरे मनोभाव से व्रत रखा जाए तो जीवन के सभी कष्ट छंट जाते हैं और पापों से मुक्ति मिलती है. माना जाता है कि योगिनी एकादशी का व्रत करने पर 88 हजार ब्राह्मणों को भोजन करवाने जितना पुण्य मिलता है. सालभर में 24 एकादशी पड़ती हैं जो हर महीने के कृष्ण पक्ष और शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि पर रखी जाती हैं. इसी तरह आषाढ़ माह के कृष्ण पक्ष में पड़ने वाली एकादशी को योगिनी एकादशी कहा जाता है. एकादशी पर पूरे मनोभाव से भगवान विष्णु (Lord Vishnu) की पूजा-आराधना की जाती है. माना जाता है कि भगवान विष्णु प्रसन्न होकर भक्तों पर अपनी कृपा बरसाते हैं
लक्ष्मी नारायण मंदिर बोहन, ज्वालामुखी!
लक्ष्मी नारायण मंदिर बोहन, ज्वालामुखी!
यह मंदिर भगवान विष्णु और देवी लक्ष्मी को समर्पित एक प्रमुख हिंदू तीर्थ स्थल है। यहाँ कुछ महत्वपूर्ण बिंदु हैं:
1. स्थान: बोहन, ज्वालामुखी, हिमाचल प्रदेश, भारत
2. देवता: भगवान विष्णु और देवी लक्ष्मी
3. महत्व: यह मंदिर अपने आध्यात्मिक महत्व और शांत वातावरण के लिए प्रसिद्ध है
यदि आप यहाँ दर्शन करने की योजना बना रहे हैं, तो कुछ बातों का ध्यान रखें:
1. समय: मंदिर के दर्शन का समय सुबह ६ बजे से शाम ८ बजे तक होता है
2. पोशाक: सादगीपूर्ण पोशाक पहनना उचित होगा
3. अर्पण: फूल, फल और प्रार्थनाएँ यहाँ आम तौर पर अर्पित की जाती हैं
कृपया ध्यान रखें कि जानकारी में बदलाव हो सकता है, इसलिए सबसे अद्यतन जानकारी के लिए स्थानीय स्रोतों या मंदिर प्रशासन से संपर्क करना उचित होगा।