धर्मशाला। विश्व स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर जिला प्रशासन के तत्वावधान में पुलिस ग्राउंड, धर्मशाला में आयोजित रेड क्रॉस मेले के दौरान आयुष्मान आरोग्य शिविर ने जन-स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने और “टीबी मुक्त भारत” अभियान को नई गति देने का कार्य किया। कांगड़ा के मंडल आयुक्त संदीप कुमार मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे और उन्होंने शिविर का शुभारंभ किया।
शिविर में लोगों को हीमोग्लोबिन, ब्लड प्रेशर, ब्लड शुगर जांच के साथ-साथ छाती का एक्स-रे जैसी महत्वपूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करवाई गईं। इन जांचों के माध्यम से टीबी सहित अन्य गैर-संचारी रोगों की समय रहते पहचान संभव हो सकी। मुख्य अतिथि ने स्वास्थ्य विभाग के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह के शिविर लोगों को उनके घर-द्वार के नजदीक स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराते हैं और नियमित जांच की आदत विकसित करने में सहायक होते हैं।
जिला स्वास्थ्य अधिकारी एवं टीबी अधिकारी डॉ. आर. के. सूद ने जानकारी दी कि टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत उच्च जोखिम वाले क्षेत्रों में लगातार ऐसे शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि इस शिविर में आधुनिक तकनीक का उपयोग विशेष आकर्षण रहा, जिसमें बैटरी से चलने वाली एआई आधारित हैंड-हेल्ड एक्स-रे मशीन का इस्तेमाल किया गया। यह मशीन मात्र एक मिनट में एक्स-रे रिपोर्ट देने में सक्षम है, जिससे त्वरित जांच और उपचार सुनिश्चित हो सका।
शिविर की एक प्रेरणादायक झलक तब देखने को मिली जब उपकरणों की बैटरी समाप्त हो जाने के बावजूद मेडिकल टीम ने कार चार्जर के माध्यम से उपकरणों को चार्ज कर सेवाएं निर्बाध रूप से जारी रखीं। इससे यह संदेश गया कि स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति समर्पण किसी भी बाधा से बड़ा होता है।
पद्मश्री से सम्मानित डॉ. ओमेश भारती ने लोगों को संबोधित करते हुए स्वस्थ जीवनशैली अपनाने, अंधविश्वास से दूर रहने और वैज्ञानिक चिकित्सा पद्धतियों को अपनाने का आग्रह किया। उन्होंने सांप और कुत्ते के काटने पर प्राथमिक उपचार के बारे में भी सरल भाषा में जानकारी दी।
कार्यक्रम में जिलाधीश हेम राज बैरवा, एडीसी विनय कुमार, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. विवेक करोल सहित विश्व स्वास्थ्य संगठन के प्रतिनिधि और विभिन्न स्वास्थ्य अधिकारी उपस्थित रहे। बेबी शो और लाइव स्वास्थ्य प्रश्नोत्तरी कार्यक्रम के मुख्य आकर्षण रहे, जिनमें प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
शिविर में 52 लोगों ने स्वास्थ्य जांच का लाभ उठाया। खास बात यह रही कि डॉ. ओमेश भारती ने स्वयं अपना एक्स-रे करवाकर लोगों को नियमित जांच के लिए प्रेरित किया। इसके साथ ही टीबी और एचआईवी/एड्स पर आधारित प्रदर्शनी ने भी लोगों को जागरूक करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। यह आयोजन सामूहिक प्रयासों के माध्यम से जन-स्वास्थ्य चुनौतियों से निपटने की दिशा में एक सराहनीय पहल साबित हुआ।