हिमाचल प्रदेश के जिला कांगडा के ज्वालामुखी में आज झंडा चढ़ाने की रस्म के साथ शरदीय नवरात्र मेला का विधिवत शुभारंभ हो गया। स्थानीय विधायक संजय रतन की मौजूदगी में मंदिर न्यास के मंदिर अधिकारी मनोहर लाल शर्मा ने मंदिर में झंडा चढ़ाया।
यहां दर्शनों के लिये सुबह से ही बड़ी तादाद में श्रद्धालु जुटे हैं। मंदिर परिसर माता के जयकारों से गूंज रहा है।
नवरात्र मेला के दौरान ज्वालामुखी मंदिर की आभा में चार चांद लग गये हैं । देश के विभिन्न भागों से आने वाले मां के भक्त आजकल ज्वालाजी में अपने विश्वास श्रद्धा और भक्ति का प्रदर्शन कर रहे हैं ।
कुछ ऐसा ही वातावरण जिला कांगडा के ब्रजेंशवरी देवी, चामुंडा नंदिकेशवर धाम व माता चिंतपुर्णी में देखने को मिल रहा है।
ज्वलामुखी मंदिर के गर्भगृह में नौ ज्योतियां जल रही हैं । इनके नाम महाकाली , अन्नपूर्णा , चण्डी, हिंगलाज , विंध्यवासिनी , महालक्ष्मी , सरस्वती , अम्बिका तथा अंजना हैं । इनकी श्रद्धालु परिक्रमा करते हैं ।
विश्व में शायद यही ऐसा देवालय है जहां प्रतिमा की पूजा नहीं होती । व जल रही ज्योति ही शक्ति का साक्षात स्वरूप है । देश -दुनिया के तीर्थ यात्रियों का यह पसंदीदा तीर्थ बन गया है ।
शरदीय नवरात्र मेला के बारे में संस्कृत कालेज के प्राचार्य प्रबल शास्त्री ने बताया कि नवदुर्गा के विभिन्न रूपो की नवरात्र के दौरान पूजा होती है। आज शैलपुत्री के रूप की यहां पूजा हो रही है।
ज्वालामुखी के विधायक संजय रतन ने नवरात्र के अवसर पर शुभकामनायें देते हुये कहा कि माता रानी सब पर कृपा रखे।
मंदिर न्यास के सदस्य दीपक शर्मा ने बताया कि मंदिर प्रशासन की ओर से श्रद्धालुओं के लिये बेहतर इंतजाम किये गये हैं।
ज्वालामुखी के एस डी एम ज्वालामुखी डा संजीव शर्मा ने बताया कि नवरात्रों में बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा के लिये प्रशासन ने सभी प्रबंध किये गये हैं। उन्होंने कहा कि नवरात्र के दौरान शहर की सफाई व्यवस्था को लेकर भी विशेष प्रबंध किए गए हैं,जिसके लिए अतिरिक्त सफाई कर्मचारियों की नियुक्ति की गई है, जिन्हें अन्य सफाई कर्मियों के साथ मंदिर व शहर की सफाई का जिम्मा सौंपा गया है।
नवरात्र मेला के दौरान मंदिर व शहर की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी खास प्रबंध किए गये हैं, इसके लिए शहर के विभिन्न भागों में सुरक्षा केंद्र स्थापित किए गये हैं, जिनके माध्यम से सुरक्षा कर्मी दिन-रात मंदिर व शहर की सुरक्षा पर कड़ी नजर रखेंगे। नवरात्रों के दौरान मंदिर परिसर में ही यात्रियों की सुविधा के लिए अस्थाई स्वास्थ्य शिविर की स्थापना भी की गई है , जो श्रद्धालुओं की स्वास्थ्य संम्बधी शिकायतों का मंदिर परिसर में ही समाधान करेगा।
इसी तरह स्वास्थ्य विभाग भी नवरात्र के दौरान सभी प्रकार के खाद्य पदार्थों को ढक़ कर रखने व मूल्य सूची टांगने के निर्देश दुकानदारों को दिये हैं। वहीं मेले के दौरान कानून एवं व्यवस्था बनाए रखने तथा श्रद्धालुओं की सुरक्षा के दृष्टिगत प्रशासन ने नगर परिषद ज्वालामुखी की परिधि में हथियार, गोला बारूद तथा विस्फोटक सामग्री साथ रखने एवं उपयोग पर प्रतिबंध लगाया है।