विश्व जनसंख्या दिवस के उपलक्ष्य में कांगड़ा जिला स्वास्थ्य विभाग की विशेष बैठक का आयोजन 11 जुलाई को मुख्यचिकित्सा अधिकारी डॉ राजेश गुलेरी की अध्यक्षता में किया गया । जिसमे जिला स्वास्थ्य अधिकारी,डॉ राजेश सूद, सीनियर मेडीकल सुप्रिडेंट , जिला कार्यक्रम अधिकारी , खण्ड चिकित्सा अधिकारी मौजूद रहे । इस दौरान डॉ राजेश गुलेरी ने कहा कि विश्व जनसंख्या दिवस 2024 सतत विकास के लिए सभी को शामिल करने पर केंद्रित है। डॉ गुलेरी ने कहा कि इस दिन को मनाने का उद्देश्य लोगों को फैमिली प्लानिंग, लैंगिक समानता और प्रजनन स्वास्थ्य को लेकर अवगत एवं जागरूक बनाना है।
उन्होंने कहा कि विश्व जनसंख्या दिवस एक वार्षिक आयोजन है, जो हर साल 11 जुलाई को मनाया जाता है। इस दिवस की स्थापना वैश्विक जनसंख्या वृद्धि से जुड़े प्रमुख मुद्दों तथा विकास एवं स्थिरता पर इसके प्रभाव के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए की गई थी। डॉ तरुण सूद जिला कार्यक्रम अधिकारी ने विश्व जनसंख्या दिवस 2024 की थीम "विकसित भारत की नई पहचान परिवार नियोजन हर दंपती की शान" के बारे विस्तार से जानकारी देते हुए कहा कि यह थीम यह सुनिश्चित करती है कि संख्या में सभी का उचित प्रतिनिधित्व हो - चाहे उनकी पृष्ठभूमि, राष्ट्रीयता, भूगोल या सामाजिक-आर्थिक स्थिति कुछ भी हो। जनसंख्या दिवस एक महत्वपूर्ण अवसर है जो हमें तेजी से बढ़ती जनसंख्या और उससे जुड़ी चुनौतियों के प्रति जागरूक करता है एवं परिवार नियोजन के मुद्दों पर गंभीरता से ध्यान देने की आवश्यकता है जनसंख्या वृद्धि पर कैसे नियंत्रण रखा जा सकता है इसके लिए सरकार ने बहुत सी योजनाएं चलाई है
जिला कांगड़ा स्वास्थ्य विभाग की मासिक समीक्षा बैठक डॉ राजेश गुलेरी मुख्यचिकित्सा अधिकारी की अध्यक्षता में आयोजित
बैठक मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय परिसर के नए कांफ्रेंस हॉल में आयोजित इस बैठक में मुख्यचिकित्सा अधिकारी डॉ राजेश गुलेरी ने जिला कांगड़ा के स्वास्थ्य संस्थानों को बेहतर स्वच्छता व्यवस्था व दी जा रही सेवा मानकों के लिए चिकित्सा खंड नगरोटा बगवां को श्रेष्ठ खंड का पुरुस्कार डा रूबी भारद्वाज खंड चिकित्सा अधिकारी को दिया । साथ ही कायाकल्प कार्यक्रम के अंतर्गत जिला कांगड़ा के सराहनीय प्रदर्शन पर सभी विभागीय अधिकारियों एवम कर्मचारियों को बधाई दी है। डॉ गुलेरी ने जानकारी देते हुए बताया कि जिला कांगड़ा को 64 लाख प्रोत्साहन राशि मिली है जिसमे प्रथम श्रेणी में जिला अस्पताल धर्मशाला को द्वितीय पुरस्कार एवम 15 लाख की धनराशि, सिविल अस्पताल पालमपुर एवम 10 लाख की धनराशि का पुरुस्कार मिला।
द्वितीय श्रेणी में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बीड़ ने प्रथम अवार्ड जीता l इसमें बीड़ ने इको फ्रेंडली थीम में भी पुरस्कार लिया l बीड़ ने 12 लाख का पुरस्कार प्राप्त किया जो की सराहनीय है l
इस तरह तीसरी श्रेणी में पी एच सी सरिमोलग खंड महाकाल ने जिले में प्रथम स्थान प्राप्त किया l एवं हेल्थ वेलनेस सेंटर थोड़ाब्लू, नूरपुर स्वास्थ्य खंड ने जिले में प्रथम स्थान प्राप्त किया l जिला कांगड़ा में कुल 24 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र एवं 44 हेल्थ वेलनेस सेंट्रो ने यह पुरुस्कार जीता है l मुख्य चिकित्सा अधिकारी कांगड़ा डॉ राजेश गुलेरी ने सभी प्रतिभागियों को बधाई देते हुए कहा कि जिला कांगड़ा का परिणाम सराहनीय है एवं इन योजनाओं के तहत रोगी संतुष्टि के स्तर में भी सुधार आया हैl जिसे भविष्य में भी बेहतर बनाये रखने लिए प्रयासरत रहने की बात कही ।
मुख्यचिकित्सा अधिकारी डॉ गुलेरी ने सभी खंड अधिकारियों को जल जनित / दूषित खाद्य जनित बीमारियों के आउटब्रेक की जानकारी देते हुए निर्देश दिए है कि किसी भी अस्पताल में जो बीमारियां सामान्य से अधिक रिपोर्ट हो रही हों तो उन्हें उसी समय आउटब्रैक चिन्हित करना चाहिए। जिससे किसी भी बड़े प्रकोप से बचा जा सके । डॉ गुलेरी ने कहा कि बबीमारियों का शीघ्र पता लगाना व साथ साथ सम्भावित उपचार अत्यंत आवश्यक है।
डाॅ. राजेश गुलेरी ने सभी खंड चिकित्सा अधिकारियों और चिकित्सकों को निर्देश दिए मानसून के दौरान बारिशों में जल जनित बीमारियों के रोगी बढ़ जाते है इन बीमारियों के इलाज के लिए हर स्वास्थ्य संस्थानों में आवश्यक औषधियों (ओआरएस, जिंक टेबलेट एवं सिरप, क्लोरीन टेबलेट, आई/वी फ्लूइड एवं अन्य औषधियों) की उपलब्धता सुनिश्चित …